डॉ भीमराव अंबेडकर का वैक्स पुतला , जयपुर वैक्स म्यूज़ियम में

Wax- statue -of- Dr- Bhimrao- Ambedkar- in- Jaipur- Wax -Museum-rajasthan-india

जयपुर,6 दिसम्बर । जयपुर के नाहरगढ़ में स्थित वैक्स म्यूज़ियम में भारत रत्न, डॉ भीमराव अंबेडकर का वैक्स का पुतला नजर आएगा ।

 

जयपुर वैक्स म्यूज़ियम के फाउंडर डायरेक्टर अनूप श्रीवास्तव के अनुसार म्यूजियम में आने वाले दर्शकों एवं पर्यटकों की मांग को देखते हुए संविधान के जनक बाबा साहब के महापरिनिर्वाण दिवस के अवसर पर उनके वैक्स के पुतले का अनावरण किया गया ।

उन्होने कहा कि हमने कभी ग्लैमर को महत्व नहीं दिया बल्कि किसी व्यक्ति विशेष से अगर आने वाली पीढ़ी को प्रेरणा मिले तो हम समझते हैं कि हम अपने उद्देश्य में सफल हुए और ‘जीवन लंबा होने की बजाय महान होना चाहिए।
श्रीवास्तव ने कहा जैसे महान विचारों वाले बाबा साहब का संपूर्ण जीवन प्रेरणा दायक रहा है,उनका 6 दिसंबर 1956 को उनका निधन हो गया था ।

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उन्होने बताया कि बाबा साहब के वैक्स के पुतले को भारत की दूसरी महान शख्सियत मिसाइल मैन भारत रत्न डॉक्टर अब्दुल कलाम के स्टेच्यू के साथ राष्ट्रपति भवन के सेट पर स्थापित किया गया है । श्रीवास्तव के अनुसार एक स्टेच्यू की उॅचाई 5 फिट 11 इंच है, जबकि वजन लगभग 38 किलोग्राम है । जैसी छवि बाबा साहब की लोगों के मन मस्तिष्क में बसी हुई है वैसी ही आकृति ढंग वाला स्टेच्यू संविधान की पुस्तक हाथ में लिए, नीले रंग के सूट के साथ बनाया गया है ।जयपुर वैक्स म्यूज़ियम में बाबा साहेब के वैक्स के पुतले के बाद अब कुल 43 हस्तियां स्थापित हो चुकी हैं ।

उल्लेखनीय है कि जयपुर वैक्स म्यूजियम दुनिया का ऐसा प्रथम वैक्स म्यूजियम है जो किसी ” हेरिटेज साईट ” नाहरगड दुर्ग पर बनाया गया है और पुरातत्व एवं संग्रहालय विभाग राजस्थान सरकार के सयुंक्त तत्वाधान में सन 2016 से सफलता के साथ देश विदेश में जयपुर का नाम रोशन कर रहा है lयहाँ पर मौजूद देश-विदेश की नामी हस्तियों की नयनाभिराम मोम की मूर्तियों के साथ-साथ जयपुर रियासत के महाराजाओं और महारानी के भव्य वैक्स स्टेच्यू ” रॉयल दरबार “के भव्य सेट और परिवेश में देखने को मिलते हैं…और सोने पे सुहागा है, इसी म्यूजियम का एक अहम् और अनुपम व अद्वितीय ‘ शीशमहल ‘ जो 25 लाख से भी ज्यादा कांच के टुकड़ों को कारीगरी के साथ तराश कर, विभिन्न चटख रंगों से भर कर निर्मित किया गया है।

कलात्मक रॉयल दरबार और भव्य शीशमहल का यह अदभुत संगम पर्यटकों को इस धरती पर सिर्फ यहीं देखने को मिलेगा। जयपुर वैक्स म्यूजियम को देशी विदेशी अन्य म्यूजियमों से एक बात और जुदा करती है वो है कि इस म्यूजियम को बनाने, में जैसी कि इसकी साज सज्जा, वाल पेंटिंग तथा अन्य सभी सेट को बनाने में कलाकारों ने अपने हाथ की कला का इस्तेमाल किया है, जबकि अन्य जगह फ्लेक्स विनायल जैसी आधुनिक चीजों का इस्तेमाल किया जाता है।